Banda News : उत्तर प्रदेश में बढ़ती गर्मी और हीटवेव के बीच बांदा जिले से बिजली विभाग की बड़ी लापरवाही सामने आई है। यहाँ के नरैनी तहसील क्षेत्र के मलेहरा निवादा गांव में करीब 25 दिनों से बिजली पूरी तरह गुल है। तेज धूप और उमस से परेशान लोग , नरक जैसी जिंदगी जीने को मजबूर है।लगभग बारह ग्रामीण सीधे कलेक्ट्रेट (डीएम ऑफिस) जा पहुंचे और जिलाधिकारी से बिजली दिलाने की मांग की । ट्रांसफॉर्मर फुंका, तार जले ग्रामीणों ने आरोप लगाया है कि गांव में करीब 350 से ज्यादा घर हैं, जिनकी रोज़मर्रा की ज़िंदगी बिजली न होने से पूरी तरह रुक गई है। अधिक इस्तेमाल के कारण गांव का ट्रांसफॉर्मर फुंक गया था और करीब 10 से 15 मीटर बिजली का तार जलकर खराब हो गया था। तब से सप्लाई पूरी तरह से रुकी है। पानी और बीमारियों का खतरा इस तपती गर्मी में बिजली न होने के कारण गांव में पानी की भारी किल्लत का भी सामना करना पढ़ रहा हे। बच्चे, महिलाएं और बुजुर्ग सभी परेशान हैं। गावं के लोगो का कहना है कि बिजली-पानी की कमी से लोग बीमार पड़ रहे हैं और दैनिक दिनचर्या पूरी तरह प्रभावित हो चुकी है। DM का कड़ा रुख ग्रामीणों की इस समस्या को सुनते ही डीएम अमित आसेरी काम पर लग गए है। उन्होंने तुरंत बिजली विभाग के बड़े अधिकारियों को फोन लगाकर फटकार लगाई और जल्द ही गांव की बिजली व्यवस्था ठीक करने के आदेश दिए।इसके साथ ही, डीएम ने मामले की गंभीरता कोसमझते हुए एडीएम (ADM) को इस बात की जांच सौंप दी है कि आखिर इतने दिनों तक बिजली क्यों बंद है और इसके लिए कौन अधिकारी जिम्मेदार हैं। CM योगी के आदेशों की धज्जियां? हैरानी की बात यह है कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने हाल ही में अधिकारियों के साथ बैठक कर सख्त निर्देश दिए थे कि बिजली और पानी की हर समस्या का निवारण 24 घंटे के भीतर किया जाए चाहिए। लेकिन बांदा में बैठे अफसर सरकार के इन आदेशो का पालन ना कर एसी कमरों में आराम फरमा रहे हैं, जिसका खामियाजा जनता को भुगतना पड़ रहा है। ये भी पढ़े : पुलिस भर्ती परीक्षा के तीसरे दिन एडीजी प्रयागराज ने डीआईजी और एसपी के साथ परीक्षा केंद्रों का किया निरीक्षण